नई नौकरानी (Nayi Naukrani)
Lesbian Sex
सभी पाठकों को नमस्कार। मेरा नाम रुचिका है। मेरी उम्र 35 साल की है। मेरी शादी हो चुकी है, और मुझे दो बच्चे भी है। मेरी शादी-शुदा जिन्दंगी सही चल रही थी। पर पति के विदेश में नौकरी लग जाने के बाद अब थोड़ा मन ठीक नहीं रहता है। हमारे घर पर पहले एक बूढ़ी नौकरानी थी, जिनकी तबियत खराब होने के कारण वो काम पर नहीं आती थी। घर का काम ज्यादा होने के कारण मैंने अपने पति से बात की कि कोई और नौकरानी के लिए वह संपर्क करें और उसे घर बुलाएं। पति का फोन आया उन्होंने बताया कि उन्होंने एक नौकरानी के लिए बोल दिया था, और शीघ्र ही कोई नौकरानी हमारे घर में आएगी। मैं खुश थी, क्योंकि घर का काम खत्म हो जाएगा, और बच्चों को संभालने में भी थोड़ी सहूलियत हो जाएगी। क्योंकि दोनों बच्चे छोटे थे, तो इसलिए आवश्यक था। सुबह घंटी बजती है। मैं देखती हूं कि सामने एक सुंदर सुशील लड़की लगभग 20 वर्ष की हमारे घर आई हुई थी। मैं पूछी कौन हो तो वो बताती है- वो: मुझे फोन आया था कि आपके यहां पर मेड की जरूरत है। इसलिए मैं आयी हूं। मैं उसे अंदर बुलाती हूं और पूछती हूं: तुम्हारा नाम क्या है? वह अपना नाम रूशाली बताती है और बताती है कि वो घर का सारा काम कर सकती है, और उसका मासिक वेतन ₹10000 होगा। मैं उससे बोलती हूं: पैसे की कोई कमी नहीं है, मैं तुम्हें 12000 दूंगी। लेकिन तुम्हें घर पर ही रहना होगा। इस पर वो खुशी से सहमती जाहिर करती है। रूशाली को देख कर लगता था, जैसे मैं फिर से अपने यौवन को देख रही थी। उसका शरीर काफी सुंदर, सुडोल और मदमस्त था। उसके होंठ गुलाबी थे और इतनी सुंदर थी, कि कोई भी मोहित हो जाए। एक पल के लिए तो मैं भी उस पर आकर्षित हो गई थी। रूशाली बहुत अच्छा काम करना सीख गई थी, और वह मेरे बच्चों का भी अच्छे से ध्यान रख रही थी। रूशाली से अब मेरी बातें होने लगी, और उससे बात करते-करते एक दोस्ताना सा कायम हो गया था। अब हम लोग खुल कर कोई भी बात कर लेते थे। 1 दिन उसने मजाक-मजाक में पूछ लिया: मालकिन आप बिना चुदे कैसे रह सकती है? चुदाई तो एक आवश्यक चीज है। मैं शर्मा गई और बोली: धत, पागल है तू। इस पर रुशाली बोली: मैं पागल नहीं हूं। मैंने आपको तड़पते देखा है। मैंने आपको बाथरूम में अपने हुस्न के साथ खेलते देखा। मैं “धत झूठी” बोल कर चल दी वहां से। लेकिन रुशाली के मन में कुछ और चल रहा था। उसने एक लेस्बियन सेक्स की क्लिप दिखा दी थी, जिसे देख मैं मदहोश हो गई। मुझे रुशाली से लेस्बियन सेक्स करने का मन करने लगा।मैंने प्लान बनाया की कैसे में अपनी नौकरानी को सेड्यूस करु कि वह मुझसे सेक्स करने के लिए आतुर हो जाए। मैंने पहले बच्चों को सुला दिया, और नौकरानी से कहा: आज मेरे बदन में काफी दर्द है। क्या तुम मेरी मदद कर सकती हैं? इस पर नौकरानी ने कहा: हां मालकिन क्यों नहीं।
मैं जरूर आपकी मालिश करूंगी। मैं उसे दूसरे रूम में ले गई, और केवल ब्रा पेंटी में हो गई, और लेट गई। मैंने देखा कि नौकरानी काफी सेक्सी लबालब हो चुकी थी। फिर मैं लेट गई, और वह धीरे-धीरे मालिश करने लगी। मैं पेट के बल लेटी थी, तो वो केवल मेरे पैर और थाई की मालिश कर रही थी। फिर उसने कमर की मालिश की। उसके बाद उसने कहा: मैडम आपकी उसकी मालिश कर दूं। मैंने पूछा: उसकी किसकी? उसने जवाब दिया: आपके पीछे की। मैं बोली: पीछे तो तू मालिश कर ही रही है। उसने बोला: मैम मुझे बोलने में शर्म लग रही है। मैं बोली: शर्मा क्यों रही है? तू तो मेरी दोस्त है, बिंदास बोलो। उसने बोला: मैम क्या मैं आपकी गांड की मालिश कर दूं। इससे आपकी गांड के मसल में काफी आराम मिलेगा, और आपको बैठने में भी आसानी होगी। मैंने थोड़ा नाटक किया और बोली: क्या बोल रही है तू, इससे कुछ फायदा नहीं होता है। नौकरानी बोली: मैम फायदा होता है, करवा लो अपनी गांड की मसाज। आप बहुत रिलैक्स फील करोगे। मैं: ठीक है चल तू पैंटी के ऊपर से ही मसाज कर दे। वो बोली: मैम तेल लग जाएगा, पैंटी खराब हो जाएगी। आपकी पैंटी काफी महंगी भी लगती है। मैं बोली: तेरे सामने नंगी तो मुझे शर्म आएगी। इस पर वह बोली: मैम अभी आपने कहा कि मैं आपकी दोस्त जैसी हूं। तो फिर किस बात की शर्म? वैसे भी मैं कोई लड़का हूं नहीं, मैं लड़की हूं, और आपको तो बाथरूम में कई बार में नंगी देख चुकी हूं। इस पर मैं बोली: ठीक है रे, तू इतना कह रही है तो खोल ले पैंटी मेरी और कर ले मेरी गांड की मालिश। वह बोली: मैम मैं नहीं खोल पाऊंगी। क्योंकि मेरे हाथ में तेल लगा हुआ है। मैं बोली: देख अब मैं उठूंगी नहीं। जैसे खोलना है खोल ले। इस पर मेरी नौकरानी थोड़ी सोची, और बोली: ठीक है मैम। मैं अपने दांतो से आपकी पेंटी उतार देती हूं। इससे मैं एक्साइटेड हो गई। उसके बाद रूशाली ने मेरी पैंटी अपने दांतों से पकड़ कर धीरे-धीरे नीचे करते हुए उतार दी। मुझे इसका बहुत मजा आ रहा था। अब उसने धीरे-धीरे मेरी गांड की मालिश करना शुरू कर दिया। बीच-बीच में वह मेरी गांड पर थप्पड़ भी मार रही थी। जिसका मुझे बहुत आनंद आ रहा था। फिर उसने मेरी गांड को जबरदस्त तरीके से मसला, जिससे मेरी चूत से पानी निकल गया। वो जब गांड से हाथ फेरते हुए चूत पर गयी तो वह समझ गई, और वो भी गरम हो गई। फिर क्या था, उसने नया रूप दिखाया। वो सीधा बोली: साली बहुत पवित्र बनती है और चूत से पानी छूट रहे है तेरी। मैं उठी, उसे एक थप्पड मारी और बोली: साली ज़ुबान संभाल के बोल। भूल मत तेरी औकात क्या है। उसके बाद नौकरानी गुस्सा हुई और मुझे बिस्तर पर पटक दिया। फिर मेरे बाल पकड़ के मेरा लिप चूसना शुरू किया। मैं मदहोश हो गई, और अपना नियंत्रण उसे सौप दिया।
उसके बाद उसने मेरी ब्रा खोली और मेरे बूब्स चूसे और कही- वो: साली तेरे तो मस्त है। तू तो माल है। पता नहीं तेरा पति किस चक्कर में पड़ा है? फिर उसने मेरा दूध पिया और मुझे मस्त कर दिया। उसके बाद उसने अपने कपड़े उतारे, और अपने बूब्स चुसवाए, लेकिन अपनी चूत नहीं चाटने दी। उसके बूब्स एक-दम मस्त थे बिल्कुल फूले हुए। उसने मुझे फिर बेड पर पटका और मुझे बोली- वो: आज तुझे अपनी रांड बनाउंगी साली कमीनी। आज के बाद तू मेरी रांड है। मैं बोली: गाली मत तो। उसने मुझे कुतिया बनाया, और बोली: चुप चाप बैठ ऐसे ही। मैं वैसी ही बैठी रही। फिर उसने मेरी चूत में पीछे से कुछ डाला। मैं बोली: क्या है ये रूशाली? उसके बाद उसने मेरे बाल पकड़ कर दो-चार शॉर्ट लगाए और बोली: आज से मैन मालकिन तू नौकरानी, समझी? और तू मेरी रांड है। बोल मालकिन मुझे। फिर मैं बोली: मालकिन ये क्या डाला है? इस पर वो बोली: ये स्ट्रैप ऑन है तुझे मजा आएगा। और कस कर शॉर्ट लगाया। मैं मालकिन चिल्लाई। वो बोली: रांड थोड़ा सब्र कर, मजा आएगा। थोड़ी देर बाद काफी मजा आने लगा, और उसने सभी पोजिशन में मुझे चोदा। चुदाई खत्म होने के बाद उसने बोला- वो: चल इस कृत्रिम लंड को चाट। मैं उसे खूब मस्ती से चूसी। ऐसे करते हुए पूरे दिन उसने कई बार मुझे चोद कर अपनी रांड बना लिया। इस घटना के बाद मैं नौकरानी और वो मालकिन बनी रहती, और पूरे घर का काम भी मुझसे करवाती। अगले अंक में पढ़िए कैसे मैंने उसे फिर से नौकरानी बना कर अपना बदला लिया, और मेरे पति ने कैसे उसकी ठुकाई करी।