स्नेहल के कुंवारे बदन की सैर -5
उसने कहा- अभी मैं बहुत थक चुकी हूँ, अब हमें थोड़ा आराम करना चाहिए।
मैंने कहा- चलो तुम्हारी थकान मिटा देते हैं!
और उसे चूमकर अपनी गोदी में उठाकर मैं उसे बाथरूम में ले गया।
वहाँ उसे टब पे बिठाकर मैंने पहले तो पानी से उसके पूरे बदन को साफ कर दिया और फिर वहीं पर उसकी गर्दन को चूमने लगा।
तो उसने भी मुझे गाल पर, ठुड्डी पर, होठों पर बेतहाशा चूमना शुरू किया।
उसको भी मुझे साथ देता देख मैंने उसे वहाँ से उठाकर शावर के नीचे लाकर खड़ा कर दिया और शावर को चालू कर दिया।
पानी बदन पर गिरते ही एकदम से वो मुझसे लिपट गई फिर हमने एक दूसरे को अच्छे से नहलाया।
नहलाते वक्त हमने साबुन का झाग बनाकर एक दूसरे के गुप्तांगों पर लगाया और भी बहुत सारा मजा आया।
फिर उसने मेरे लौड़े को पकड़ कर कहा- तुमने तो सच में मेरी सारी थकान ही निकाल दी।
उसका मतलब साफ था कि वो फिर से चुदने के लिए तैयार थी।
तो मैंने उसे टब के सहारे खड़ा करके इस बार उसके पीछे से चूत में अपना हथियार डाल दिया।
उसकी चूत बहुत टाइट थी इसलिए थोड़ा दर्द उसे हुआ लेकिन उसने बाद में बताया कि पहले से ज्यादा मजा उसे इसी सेक्स के दौरान आया।
मैंने पीछे से उसकी चूत में अपना लौड़ा डाल कर उसके दोनों सन्तरों को अपने हथेलियों में लेकर मसलने लगा, जोर जोर के झटके खाते ही उसका पूरा का पूरा बदन हिल जाता, जिसे देख कर मेरा लौड़ा और भी तन्ना जाता।
उसकी चूत बहुत टाइट होने की वजह से मैं ज्यादा देर खुद को रोक नहीं पाऊँगा, ऐसा लगने लगा। तभी उसे भी अपने साथ ही स्खलित करने के लिए मैंने उसके दाने को जोर जोर से रगड़ना चालू कर दिया और कुछ झटकों के बाद ही उसके अंदर एक तूफान उठा, जिसकी गर्माहट की वजह से मैं भी उसके अंदर ही झड़ गया।
फिर थोड़ी देर हम वैसे ही उसी हालत में रहे और फिर हमने एक और बार हल्का सा शावर ले लिया और बाद में हमने एक दूसरे के बदन से छेड़छाड़ करते हुए तौलिये से ठीक तरह से शरीर को पोंछ कर हमने एक दूसरे को साफ किया और बाथरूम से बाहर निकलने के बाद मेरी नजर घड़ी पर पड़ी तो रात के 2 बज रहे थे।
फिर हम दोनों बेड पर लेटकर बातें करने लगे।
सबसे पहले उसने मुझे उसके बर्थ डे को इस तरह का बहुत ही स्पेशल बर्थ डे बनाने के लिए थैंक्स कहकर एक स्ट्रोंग हग करके होठों पर एक किस दे दिया।
फिर मैंने उससे पूछा- जब पहली चुदाई के बाद तुमने खून देखा तो तुम्हें कैसा लगा?
तो उसने कहा- मैंने पढ़ा भी था और अपनी कुछ सहेलियों से सुना भी था कि पहली बार जब कोई लिंग योनि के अंदर जाता है तो योनि से खून निकलता है। तो इसमें कोई ज्यादा हैरानी वाली बात नहीं थी।
फिर बात को आगे बढ़ाते हुए उसने कहा- मैंने आज तुम्हें एक लड़की की सबसे अनमोल चीज दी है, अब से मैं सिर्फ और सिर्फ तुम्हारी हूँ, मुझे कभी छोड़ कर मत जाना।