मैं कॉलेज में चुदती पकड़ी गई
मैं अन्तर्वासना की पिछले पांच साल से नियमित पाठिका हूँ मुझे अन्तर्वासना की कहानियां बहुत अच्छी लगती हैं तो मैंने सोचा कि क्यो ना में भी अपना अनुभव आप लोगो के साथ साझा करूँ.
अन्तर्वासना पर मेरी यह पहली कहानी है अगर कोई गलती हो तो दिल पर मत लेना.
मेरा नाम रजनी है और में मुंबई में रहती हूं, मेरी उम्र 27 साल है और मेरी लम्बाई 5’7″ है. मेरे घर में मेरे पिता जी, माता, मैं और मेरे तीन भाई हैं.
बात उन दिनों की है जब मैं कॉलेज में पढ़ा करती थी. कॉलेज में मेरे 3-4 लड़कों के साथ अफेयर थे जो रोज मुझको कॉलेज के पीछे खाली पड़े हुए रूम में ले जा कर चोद लेते थे.
उस रूम में कॉलेज का टूटा हुआ फर्नीचर ओर कबाड़ का सामान था मगर उन लोगो ने मुझे चोदने के लिए साइड में जगह बना रखी थी.
वैसे तो वो जगह रूम में बहुत सेफ थी, तीन तरफ फर्नीचर रख दिया था और एक तरफ दीवार आ गयी थी और बीच में उन लोगों ने सबसे छुपा कर एक बिस्तर का इंतजाम भी कर दिया था. एकदम से किसी को भी पता नहीं चल सकता था कि अंदर क्या हो रहा है.
बाकी तो वो मुझे होटल और पार्क में लेजाकर चोदते थे मगर सप्ताह में एक या दो बार वो मुझे वहां रूम में ले जा कर चोदते थे.
उस समय मेरी उम्र 21 साल की थी जब मैं दो दो लौड़े एक साथ मेरी चूत ओर गांड में ले लेती थी. मुझे उन लड़कों से चुद कर बहुत मजा आता है और मैं हर दिन कहीं ना कहीं उनसे चुदने लगी
उनका नाम मेहुल(23) सलीम(22) राजा(22) और लखन (21)थे
एक दिन मेरा चुदने का मूड नहीं था और वो चारों मुझे उस रूम में ले गए और चोदने लगे. उन्होंने मुझे एकदम नंगी कर दिया. सलीम ने अपना लन्ड मेरी गांड में डाला, लखन ने चूत में … मेहुल मुझे अपना लन्ड चूसा रहा था और राजा मेरे बूब्स मसल रहा था.
धीरे धीरे मुझे भी मजा आने लगा तो मैंने कहा- सलीम जोर जोर से मेरी गांड मारो!
और मैं मजे में आकर ‘आह आहह हह’ करने लगी.
तो सलीम बोला- साली रंडी, तेरी चूत में बड़ी आग है … अभी शांत करता हूँ.
यह कह कर वो जोर जोर से धक्के लगाने लगा.
तभी अचानक 2 टीचर उस रूम में आ गए तो हम पाँचों एकदम से डर गए.
हम उनसे विनती करने लगे- सर हमें छोड़ दो! हम दोबारा ऐसी गलती नहीं करेंगे.
हम गिड़गिड़ाने लगे, हाथ जोड़े पैर पकड़े … लेकिन वो नहीं माने.
फिर उनमें से एक, जिनका नाम सुधीर था, उनकी उम्र लगभग 53 साल थी, वो बोले- हम तुम्हें छोड़ देंगे. अभी तुम इंजॉय करो मगर बाद में रजनी तुम अकेली ही स्टाफ रूम में आना.
इतना कह कर वो चले गए.
फिर मेरे उन चारों यारों ने मुझे खूब चोदा और मैं अपनी गीली चूत लेकर सीधी ही वहां से स्टाफ रूम में चली गयी.
वहां देखा तो सभी टीचर बैठे थे.
मैं डर कर बोली- सर, आपने मुझे क्या काम से बुलाया था?
वैसे मुझे भी पता तो लग चुका था कि टीचर भी मुझे चोदेंगे. फिर भी मैंने अनजान बनती हुई पूछ लिया.