मेरी चालू बीवी-116
सम्पादक – इमरान
मामाजी- अरे, यह अंकुर कहाँ चला गया? मुझे तो डर था कि कहीं बीच में ना आ जाए!
सलोनी अपना ब्लाउज और पेटिकोट ही पहन वहीं लेट गई।
सलोनी- हाँ, शायद कहीं चले गए होंगे… चलो अच्छा ही हुआ… वरना आपका क्या होता?? अहा हा हा…
मामाजी- हा हा… वैसे बेटी, बुरा मत मानो तो एक बात पूछूँ?
सलोनी- जी हाँ, क्या?
मामाजी- क्या अंकुर के अलावा तुमने आज मुझसे ही चुदवाया है या फिर किसी और से भी? देखो सच-सच बताना?
उनकी बातचीत का विषय देख मेरे कान भी खड़े हो गए, मेरी चुदाई की गति कम हो गई क्योंकि मैं उनकी हर बात ध्यान से सुनना चाहता था।
सलोनी मुस्कुरा रही थी- क्यों जानना है आपको ये सब? आपको अच्छा लगा ना आज! बस भूल जाइये अब ना!
मामाजी- प्लीज यार… बताओ ना… अब हम दोनों में ये सब बातें तो होनी चाहिए ना?
सलोनी- अच्छा आप भी सब कुछ बताइये फिर… अंकुर को तो आपने ना जाने क्या क्या बता दिया। फिर मुझे क्यों नहीं?
मामाजी- नहीं यार, उससे तो बस ऐसे ही नार्मल बातें ही हुई हैं।
सलोनी- तो पहले आप बताओ, आपने किस किस के साथ चुदाई की है? अब आपकी पत्नी तो है नहीं… यह तो मुझे पता है।
मामाजी- अरे यार, वो बहुत पहले ही मर गई थी… तभी तो मुझे ना जाने कब से प्यासा ही रहना पड़ा! सच बताऊँ तो केवल तुम ही हो जिसने मुझे पत्नी के मरने के बाद आज इतनी शांति दी, वरना मैं तो ना जाने कब से प्यासा ही था।
सलोनी- तो आपने तब से किसी औरत-लड़की के साथ कुछ नहीं किया?
मामाजी- कहाँ यार… एक तो मेरी उम्र… और फिर समाज में रुतबा… कभी मैंने गलत करने की नहीं सोची।
सलोनी- ओह… फिर तो मैंने आपके बारे में काफी गलत सोचा।
मामाजी- हो सकता है! वैसे तुमसे झूठ नहीं बोलूँगा, जब से मेरी बहू घर आई है, उससे जरूर…
सलोनी- वाह… सच? मुझे लगा था…!! वो रानी ना… उससे मैं मिली थी… बहुत ही सेक्सी है वो तो!!
मामाजी- अरे यार, उसको कुछ मत बोलना… उसको कुछ नहीं पता।
सलोनी- क्याआआ…? फिर क्या??
मामाजी- बता रहा हूँ यार… वो तो बहुत ही सीधी-सादी है… उसके साथ भी कुछ करने की मेरी हिम्मत नहीं है, बस छुपकर ही उसको देखता हूँ, या फिर मौका लगता है तो थोड़ा बहुत!!
सलोनी- ओह… क्या कह रहे हैं आप? सब कुछ पूरा खुल कर बताओ ना?
मामाजी- हम्म्म… अरे यार, उसको छुपकर नहाते हुए… या जब बेसुध सो रही होती है तो उसे निहार लेता हूँ।
सलोनी- बस उसके बदन को देखते ही हो या फिर कुछ और भी?
मामाजी- अब तुझसे क्या छुपाना… दरअसल उसकी नींद बहुत गहरी है, तो जब वो सो जाती है, तो वो सब भी थोड़ा बहुत कर लेता हूँ।
सलोनी- ओह… क्या मामाजी? आप भी ना… जरा खुल कर बताओ ना… क्या चोदा भी है आपने अपनी बहू को?
मामाजी- कोशिश तो की है… पर डर के कारण अच्छे से नहीं हो पाता है।