दिल्ली की सर्दी में चूत की गर्मी का अहसास
नमस्ते दोस्तो, उम्मीद करता हूँ कि आप सब मस्त होंगे.. ना मैं फालतू कुछ लिखूंगा.. ना ही कुछ बढ़ा-चढ़ा कर बोलूँगा। मैं एक ठीक-ठाक हाइट का अच्छा दिखने वाला 25 साल का लड़का हूँ।
बात करीब दो साल पहले की है.. मैं अपने ब्रेकअप से परेशान था और शनिवार को साकेत पीवीआर के पास एक बार है.. वहाँ पर गया था।
जनवरी की रात थी… बहुत सर्दी का जोर था ठिठुरन हो रही थी.. वहाँ कोई प्रोग्राम चल रहा था।
मैं जैसे ही अन्दर गया.. वहाँ एक मस्त सी 26-27 साल की लड़की देखी.. जो अकेली ड्रिंक्स ले रही थी।
मैं भी उसके पास जाकर बैठ गया और मैंने भी ड्रिंक्स ऑर्डर किया।
वो शायद वोड्का पी रही थी और थोड़े नशे में भी थी।
मैंने व्हिस्की ऑर्डर की और पीने लगा।
मैं अब तक 3 पैग पी चुका था।
दरअसल मैं अपने दोस्तों का वेट कर रहा था।
जब मैंने चौथा पैग लिया.. तो उसने कहा- काफ़ी स्टेमिना है तुममें..
मैंने कहा- हाँ यार देखो, चढ़ ही नहीं रही..
मैं भूल गया था कि यह बाद में चढ़ने वाली थी।
हमारे बीच में बात होनी शुरू हो गईं.. उसका नाम ऋतु था। पता लगा वो शादीशुदा है और उसका पति लम्बे समय के लिए टूर पर अमेरिका गया हुआ है और वो अपने फ्लैट में अकेली रह रही है।
‘अकेले मन लग जाता है आपका?’ मैंने पूछा।
उसने कहा- नहीं यार, अकेली काफी बोर होती हूँ।
मैंने उससे दोस्ती के लिए पूछा.. तो उसने ‘हाँ’ कर दी।
बातों-बातों में पता लगा कि वो पंजाबी है और उसके ससुराल वाले चंडीगढ़ में रहते हैं।
उस वक्त रात के दस बज चुके थे, उसने कहा- चलो घर चलकर बात करते हैं।
मैं समझ गया कि आज इसका शिकार करने का मूड है.. सो मैं उसके साथ हो लिया।
वो साकेत में रहती थी..
हम दोनों बाहर निकले और पार्किंग की तरफ गए, मैंने उससे कहा- वाइन की एक बोतल ले चलते हैं।
उसने कहा- कोई ज़रूरत नहीं है… घर में रखी हुई हैं।
उसने पार्किंग से अपनी होंडा सिविक निकाली और मैं उसमें बैठ गया, घर की तरफ चल पड़े.. बीच में हम बात-चीत भी करते जा रहे थे। थोड़ी देर में उसका घर आ गया.. हम घर के अन्दर गए।
उसने कहा- प्लीज़ तुम बैठो.. मैं अभी चेंज करके आती हूँ।
मैंने कहा- ठीक है।
दस मिनट बाद वो आई.. उसने काले रंग की जालीदार ड्रेस पहन रखी थी… क्या मस्त लग रही थी।
ऐसा लग रहा था जैसे किसी ने दूध में 2 बूँद गुलाबी रंग डाल दिया हो।
मैंने गौर से देखा कि उसकी उँचाई सवा पांच फुट की थी और मस्त जानलेवा क्या फिगर था। उसके मम्मों का साइज़ करीब 34 होगा.. कमर 30 इंच की.. और चूतड़ शायद 36 इंच के पर नुकीले किस्म के उठे हुए थे।
उसकी भरपूर जवानी को देख कर मज़ा आ गया था।
फिर वो ठुमकती हुई अलमारी की तरफ बढ़ी और एक वाइन की बोतल उठा लाई। वाइन मैंने काफ़ी बार पी हुई थी.. लेकिन वो शायद कोई फ्रेंच वाइन लाई थी।
हम दोनों साथ में बैठकर पीने लगे.. सच में यार.. ग़ज़ब का टेस्ट था।