पड़ोसन युवती ने घर आकर चूत चुदवा ली
मेरा नाम जीत है.. मैं पूना का रहने वाला हूँ। अभी मैं 30 साल का हूँ..
बात उस समय की है.. जब मैं 25 का था।
मैं एक दिन घर पर अकेला टीवी देख रहा था.. तभी किसी ने मेरे घर की बेल बजाई।
मैंने देखा तो मेरे पड़ोस की युवती रीमा थी.. 20-21 साल की अविवाहिता, पढ़ाई पूरी करने के बाद घर पर ही रहती थी, उसने काले रंग का गाउन पहना हुआ था। सुबह का समय था तो शायद व़ो नहा कर आई होगी.. उसके लंबे काले भीगे बाल देख कर और उसके संतरे जितने मम्मे देख कर मेरा 6 इंच के शेर ने हुंकार मारी।
रीमा ने मुझसे कहा- मेरे बेडरूम में चूहा घुस गया है.. प्लीज़ निकालो उसे.. मुझे बहुत डर लग रहा है.. मैं घर पर अकेली हूँ.. पापा मम्मी भी नहीं हैं.. वे गाँव गए हैं.. दो दिन बाद आने वाले हैं.. प्लीज़ निकालो उसे.. नहीं तो रात में सो ही नहीं पाऊँगी।
मैं उसके घर गया.. तो देखा वो चूहा बहुत बड़ा था.. फिर भी हमने बड़ी मेहनत से उसे भगाया और मैं वहाँ से घर आ गया।
लेकिन चूहा पकड़ने के दौरान उसकी चूचियाँ देख-देख कर मेरी हालत ख़राब हो गई थी।
तो मैंने घर आते ही उसके नाम की खूब मुट्ठ मारी..
दिन भर सोच ही रहा था.. तभी रीमा शाम को वापस आई और बोली- प्लीज़ अगर आपको कोई दिक्कत न हो तो मैं आपके घर सो सकती हूँ क्या?
मैंने तो तुरंत ‘हाँ’ कर दी।
मेरे घर पर कोई नहीं था.. जबकि मेरा घर 2 कमरे का है.. पर वो अकेले सोने में डर रही थी इसलिए हम दोनों एक ही कमरे में सो गए, वो मेरे बाजू में सो गई।
करीब 11-11:30 बजे उसका हाथ मेरे ऊपर आ गया।
मैं तो जाग रहा था.. लेकिन वो शायद नींद में थी, मैंने भी अपना हाथ उसके ऊपर डाल दिया।
थोड़ी देर के बाद मैंने हाथ को उसके पेट पर फेरना चालू किया.. तो उसने करवट बदली और मेरी तरफ देखा.. मैं डर गया।
फिर उसने भी मेरे पीठ पर हाथ रख लिया.. मुझे लगा शायद नींद में करवट बदली होगी.. तो मैंने भी उसके पीठ पर हाथ डाल दिया और उसे धीरे-धीरे सहलाने लगा।
उसकी आँखें अभी भी बंद थीं.. तो मेरी हिम्मत बढ़ गई। फिर मैंने धीरे-धीरे अपना हाथ उसकी जाँघों पर ले आया और उसे सहलाने लगा।
थोड़ी देर बाद मुझे उसकी ‘उहह..उह..’ की आवाज सुनाई देने लगी।
मैंने देखा तो रीमा जाग चुकी थी.. तो मैंने हाथ हटा लिया।
वो बोली- प्लीज़ हाथ मत हटाओ.. ऐसे ही करो ना.. मज़ा आ रहा है।
मेरी हिम्मत बढ़ गई.. तो मैंने उसे खींच कर अपने गले से लगते हुए उसके होंठों पर अपने होंठ रख के उसके होंठों को चूसना चालू किया।
हाय.. क्या मस्त रसीले होंठ थे उसके.. करीब 10 मिनट चूसने के बाद वो काफी गर्म हो चुकी थी।
फिर मैंने उसके मम्मे दबाने चालू किए.. तो वो सिसकारियां निकालने लगी। फिर मैंने उसके गाउन के हुक खोलकर उसे निकाल दिया.. अन्दर उसने ब्रा व पैन्टी नहीं पहने थी।
उससे इसका कारण पूछने पर उसने बताया- मैं रोज ऐसे ही सोती हूँ..